री-NEET परीक्षा से पहले छात्र के एडमिट कार्ड में Abu Dhabi सेंटर दिखा, अखिलेश ने NTA पर सवाल उठाए।
NEET परीक्षा से जुड़ी अनियमितताओं को लेकर पहले से ही विवादों में घिरी नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) एक बार फिर चर्चा के केंद्र में आ गई है। इस बार मामला महाराष्ट्र के नागपुर से सामने आया है, जहां री-NEET परीक्षा से ठीक एक दिन पहले एक छात्र के एडमिट कार्ड पर परीक्षा केंद्र “Abu Dhabi” दर्ज दिखाई दिया। इस गड़बड़ी ने छात्र और उसके परिवार को चिंता में डाल दिया, वहीं मामला सामने आने के बाद राजनीतिक प्रतिक्रिया भी तेज हो गई है।
एडमिट कार्ड में Abu Dhabi सेंटर देखकर परिवार हुआ परेशान
जानकारी के अनुसार नागपुर के एक छात्र ने री-NEET परीक्षा के लिए आवेदन किया था। परीक्षा से पहले जब छात्र और उसके परिवार ने एडमिट कार्ड डाउनलोड किया तो उसमें परीक्षा केंद्र के स्थान पर “Abu Dhabi” लिखा हुआ दिखाई दिया। यह देखकर परिवार के सदस्य हैरान रह गए क्योंकि उन्होंने आवेदन के दौरान महाराष्ट्र के भीतर ही परीक्षा केंद्रों का चयन किया था।
छात्र के पिता ने बताया कि एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में तकनीकी परेशानी आ रही थी। काफी प्रयासों के बाद जब एडमिट कार्ड डाउनलोड हुआ तो उसमें विदेशी परीक्षा केंद्र का नाम देखकर परिवार घबरा गया। उनका कहना था कि उन्होंने कभी भी अबू धाबी को परीक्षा केंद्र के रूप में नहीं चुना था।
हेल्पलाइन और ईमेल के जरिए दर्ज कराई शिकायत
एडमिट कार्ड में गड़बड़ी सामने आने के बाद परिवार ने तुरंत NTA की हेल्पलाइन से संपर्क किया। साथ ही एजेंसी को ईमेल भेजकर पूरे मामले की जानकारी दी गई। परिवार का कहना था कि उन्होंने आवेदन करते समय केवल नागपुर और वर्धा क्षेत्र के परीक्षा केंद्रों को प्राथमिकता दी थी।
परीक्षा से ठीक पहले इस तरह की तकनीकी गड़बड़ी सामने आने से छात्र के भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई थी। परिवार ने मांग की कि जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान किया जाए ताकि छात्र समय पर परीक्षा दे सके।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ मामला
कुछ ही घंटों में यह मामला सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। एडमिट कार्ड की तस्वीरें और स्क्रीनशॉट विभिन्न प्लेटफॉर्म पर साझा किए जाने लगे। इसके बाद मामला राजनीतिक गलियारों तक पहुंच गया और विपक्ष ने भी NTA की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने शुरू कर दिए।
अखिलेश यादव ने NTA पर उठाए सवाल
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष Akhilesh Yadav ने इस मामले को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जब एजेंसी लगातार परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और अनियमितताओं को खत्म करने के दावे कर रही है, तब इस तरह की घटनाएं गंभीर सवाल खड़े करती हैं।
अखिलेश यादव ने तंज भरे अंदाज में पूछा कि अनियमितताओं को दूर करने की गारंटी देने वाली एजेंसी अब इस मामले पर क्या स्पष्टीकरण देगी। उनके बयान के बाद यह मुद्दा और अधिक चर्चा में आ गया।
NTA ने दी सफाई
विवाद बढ़ने के बाद NTA ने अपनी ओर से स्पष्टीकरण जारी किया। एजेंसी का दावा है कि छात्र ने करेक्शन विंडो के दौरान स्वयं अपना परीक्षा केंद्र बदलकर Abu Dhabi चयन किया था। हालांकि बाद में स्थिति की समीक्षा करने और छात्र के भविष्य को ध्यान में रखते हुए परीक्षा केंद्र को वापस नागपुर में आवंटित कर दिया गया।
NTA का कहना है कि छात्र को अब अपने गृह क्षेत्र के नजदीक ही परीक्षा देने का अवसर मिलेगा और उसकी परीक्षा प्रभावित नहीं होगी।
परीक्षा प्रणाली पर फिर उठे सवाल
हालांकि NTA की सफाई के बाद भी यह मामला चर्चा में बना हुआ है। कई लोगों का मानना है कि परीक्षा जैसी महत्वपूर्ण प्रक्रिया में ऐसी गड़बड़ियां छात्रों के मानसिक तनाव को बढ़ाती हैं। वहीं कुछ लोग एजेंसी के स्पष्टीकरण को पर्याप्त मान रहे हैं।
NEET परीक्षा को लेकर पिछले कुछ वर्षों में कई विवाद सामने आए हैं और ऐसे में यह नया मामला परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और तकनीकी व्यवस्थाओं को लेकर फिर से बहस का विषय बन गया है।
क्या है पूरा मामला?
- नागपुर के एक छात्र के एडमिट कार्ड में परीक्षा केंद्र Abu Dhabi दिखाई दिया।
- परिवार ने दावा किया कि उन्होंने ऐसा कोई विकल्प नहीं चुना था।
- मामला सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
- अखिलेश यादव ने NTA की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
- NTA ने कहा कि करेक्शन विंडो के दौरान छात्र द्वारा सेंटर बदला गया था।
- बाद में परीक्षा केंद्र वापस नागपुर कर दिया गया।
निष्कर्ष
री-NEET परीक्षा से पहले एडमिट कार्ड में Abu Dhabi परीक्षा केंद्र दिखने की घटना ने एक बार फिर NTA को सवालों के घेरे में ला दिया है। हालांकि एजेंसी ने अपनी सफाई देते हुए छात्र को दोबारा नागपुर केंद्र आवंटित करने की बात कही है, लेकिन इस घटना ने परीक्षा प्रबंधन और तकनीकी प्रक्रियाओं की विश्वसनीयता पर नई बहस छेड़ दी है।