जैथरा में जमीनी विवाद में घर में घुसकर मारपीट, कोर्ट के आदेश पर दो के खिलाफ केस दर्ज
एटा। जनपद एटा के जैथरा थाना क्षेत्र में जमीनी विवाद को लेकर एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां दबंगों पर घर में घुसकर मारपीट करने का आरोप लगा है। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जमीन को लेकर पुराना विवाद
पीड़ित राजवीर पुत्र तोताराम, निवासी सुल्तानपुर, ने बताया कि उन्होंने वर्ष 2005 में तहसील अलीगंज में जोरावर सिंह, दफेदार सिंह उर्फ बंटू, श्रीमती राम बेटी और ओमकार से एक भूमि का विधिवत बैनामा कराया था। तब से वह उक्त जमीन पर काबिज हैं।
बढ़ती कीमत के चलते कब्जे की कोशिश का आरोप
राजवीर का आरोप है कि जमीन की कीमत बढ़ने के बाद विपक्षी जोरावर सिंह और बंटू उस पर दोबारा कब्जा करना चाहते हैं। इसी उद्देश्य से उन्होंने दबाव बनाने के लिए बैनामा के गवाहों के खिलाफ थाना जैथरा में एक फर्जी मुकदमा भी दर्ज कराया।
पूछताछ करने पर हुई मारपीट
पीड़ित के अनुसार, जब उन्हें इस कथित फर्जी मुकदमे की जानकारी मिली तो वह 22 जनवरी 2026 को गांव पहुंचे और बंटू से इस संबंध में बातचीत की। आरोप है कि इस दौरान बंटू ने गाली-गलौज करते हुए उनके साथ मारपीट शुरू कर दी।
घर में घुसकर किया हमला
राजवीर ने बताया कि वह किसी तरह अपने घर पहुंचे, लेकिन इसके बाद आरोपी जोरावर सिंह और बंटू लाठी-डंडे लेकर उनके घर में घुस आए और वहां भी उनके साथ मारपीट की। इस हमले में उन्हें गंभीर चोटें आईं।
जान से मारने की धमकी
घटना के दौरान शोर सुनकर गांव के अन्य लोग मौके पर पहुंचे। आरोप है कि जाते-जाते आरोपियों ने राजवीर को जान से मारने की धमकी दी और चेतावनी दी कि यदि उन्होंने जमीन वापस नहीं की या शिकायत की, तो अंजाम बुरा होगा।
कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मुकदमा
इस पूरे मामले में पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली, जिसके बाद कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस जांच जारी
थाना प्रभारी रितेश ठाकुर ने बताया कि मामले में दो लोगों के खिलाफ अभियोग पंजीकृत कर लिया गया है और सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जमीन विवादों से बढ़ रही घटनाएं
क्षेत्र में जमीन से जुड़े विवाद लगातार हिंसक रूप लेते जा रहे हैं। इस तरह की घटनाएं कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती बनती जा रही हैं, जिन पर समय रहते सख्त कार्रवाई आवश्यक है।