नई दिल्ली: केरल में कांग्रेस की दलित विधायक और पूर्व सांसद राम्या हरिदास से कथित मारपीट का मामला सामने आया है। इस घटना को लेकर राम्या हरिदास की शिकायत पर कांग्रेस के 16 कार्यकर्ताओं के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। मामले को लेकर भाजपा ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है और महिला सम्मान तथा दलित प्रतिनिधित्व को लेकर पार्टी के रुख पर सवाल उठाए हैं।
भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया है कि कांग्रेस एक ओर महिला सशक्तिकरण और सामाजिक न्याय की बात करती है, जबकि दूसरी ओर उसके ही कार्यकर्ताओं पर अपनी दलित महिला विधायक के साथ कथित मारपीट का आरोप लगा है।
राम्या हरिदास की शिकायत पर 16 लोगों के खिलाफ केस
रिपोर्ट के अनुसार, कांग्रेस विधायक राम्या हरिदास ने कथित मारपीट के मामले में पार्टी के 16 कार्यकर्ताओं के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में दलित उत्पीड़न से संबंधित कानून की धाराओं का भी उल्लेख किया गया है।
मामले से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है, जिसे लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और घटना में शामिल लोगों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है।
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भाजपा ने कांग्रेस पर साधा निशाना
इस घटना को लेकर भाजपा के मीडिया विभाग के सह प्रभारी प्रदीप भंडारी ने कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने सोशल मीडिया पर कथित मारपीट का वीडियो साझा करते हुए कांग्रेस की महिला और दलितों से जुड़ी नीतियों पर सवाल उठाए।
भाजपा का आरोप है कि कांग्रेस महिलाओं के सम्मान और राजनीतिक भागीदारी की बात तो करती है, लेकिन पार्टी के भीतर ही एक दलित महिला विधायक के साथ कथित मारपीट का मामला सामने आना उसके दावों पर सवाल खड़े करता है।
महिला प्रतिनिधित्व को लेकर भी कांग्रेस पर हमला
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने भी कांग्रेस पर महिला प्रतिनिधित्व को लेकर हमला बोला। उन्होंने कांग्रेस शासित राज्यों में महिला मंत्रियों की संख्या का जिक्र करते हुए पार्टी के महिला सशक्तिकरण के दावों पर सवाल उठाया।
त्रिवेदी ने कहा कि कांग्रेस महिला आरक्षण और महिलाओं को आगे बढ़ाने की बात करती है, लेकिन उसके अपने शासन वाले राज्यों में महिलाओं को पर्याप्त राजनीतिक प्रतिनिधित्व नहीं मिलने का आरोप पार्टी की कथनी और करनी के बीच अंतर दिखाता है।
‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ नारे पर भी सवाल
भाजपा नेताओं ने कांग्रेस के पुराने ‘लड़की हूं, लड़ सकती हूं’ नारे का उल्लेख करते हुए भी पार्टी पर निशाना साधा। उनका कहना है कि कांग्रेस को पहले अपने संगठन और शासित राज्यों में महिलाओं को पर्याप्त भागीदारी और सम्मान देने पर ध्यान देना चाहिए।
हालांकि, ये सभी राजनीतिक आरोप भाजपा नेताओं की ओर से लगाए गए हैं। कांग्रेस की ओर से इस मामले पर आने वाली प्रतिक्रिया भी इस विवाद में महत्वपूर्ण होगी।
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राहुल गांधी पर भी भाजपा ने उठाए सवाल
इसी प्रेस वार्ता के दौरान सुधांशु त्रिवेदी ने झारखंड में प्रश्नपत्र से जुड़े एक अन्य मामले का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि स्ट्रांग रूम से प्रश्नपत्र निकालने और बदलने का मामला केवल पेपर लीक नहीं बल्कि ‘पेपर लूट’ का विषय है।
भाजपा नेता ने इस मुद्दे पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी की चुप्पी पर सवाल उठाया और कहा कि परीक्षा से जुड़े मामलों पर दिल्ली में आवाज उठाने वाले राहुल गांधी को झारखंड के इस मामले पर भी बोलना चाहिए।
राजनीतिक बयानबाजी के बीच जांच जारी
राम्या हरिदास से कथित मारपीट का मामला सामने आने के बाद कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। फिलहाल पुलिस की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि घटना में वास्तव में क्या हुआ और शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि किस हद तक होती है।
मामले की मुख्य बातें
- कांग्रेस विधायक और पूर्व सांसद राम्या हरिदास से कथित मारपीट का मामला सामने आया।
- उनकी शिकायत पर 16 कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
- शिकायत में दलित उत्पीड़न से संबंधित कानून की धाराएं लगाई गई हैं।
- भाजपा ने घटना को लेकर कांग्रेस पर महिला और दलित विरोधी होने का आरोप लगाया।
- भाजपा ने कांग्रेस के महिला प्रतिनिधित्व और सशक्तिकरण के दावों पर सवाल उठाए।
- सुधांशु त्रिवेदी ने झारखंड के प्रश्नपत्र मामले को लेकर भी राहुल गांधी पर निशाना साधा।
निष्कर्ष
केरल में कांग्रेस की दलित विधायक राम्या हरिदास से कथित मारपीट का मामला अब राजनीतिक विवाद का रूप ले चुका है। शिकायत के आधार पर 16 कांग्रेस कार्यकर्ताओं के खिलाफ केस दर्ज होने के बाद पुलिस मामले की जांच कर रही है। वहीं भाजपा इस घटना को लेकर कांग्रेस के महिला सम्मान और दलित प्रतिनिधित्व से जुड़े दावों पर सवाल उठा रही है। अब मामले की जांच और संबंधित पक्षों के बयान से आगे की तस्वीर साफ होगी।