फतेहपुर के धाता नगर पंचायत के वार्ड नंबर आठ स्थित आचार्य नरेंद्र देव नगर के केटमई गांव में प्रधानमंत्री हर घर जल योजना के तहत चल रहा पाइप लाइन बिछाने का काम ग्रामीणों के विरोध के बाद रोक दिया गया। ग्रामीणों ने इस्तेमाल किए जा रहे पाइप की गुणवत्ता और निर्माण कार्य में तय मानकों का पालन नहीं होने का आरोप लगाया है।
ग्रामीणों का दावा है कि पाइप की गुणवत्ता खराब है और उन पर ISI मार्का भी नहीं है। उन्होंने पाइप को मानकों के अनुरूप न होने की आशंका जताते हुए पूरे काम की जांच कराने की मांग की है। विरोध के दौरान मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई, जिसके बाद ठेकेदार वहां से चला गया और काम बंद हो गया।
पाइप की गुणवत्ता और बिछाने के तरीके पर सवाल
ग्रामीणों का आरोप है कि पाइप लाइन बिछाते समय निर्धारित गहराई और लेवल का सही तरीके से ध्यान नहीं रखा जा रहा था। उनका कहना है कि पाइप डालने के तुरंत बाद जल्दबाजी में मिट्टी भरने का काम किया जा रहा था।
ग्रामीणों ने कहा कि पेयजल योजना में इस्तेमाल होने वाली पाइप लाइन की गुणवत्ता की जांच जरूरी है। उनका कहना है कि यदि पाइप मानकों के अनुरूप नहीं हुए तो भविष्य में लीकेज, पाइप टूटने और पानी की आपूर्ति बाधित होने जैसी समस्याएं सामने आ सकती हैं।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल
पाइप लाइन बिछाने और उसके बाद मिट्टी भरने से जुड़ा एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। ग्रामीणों ने अधिकारियों से मौके पर पहुंचकर पाइप की गुणवत्ता, ISI मार्का, पाइप बिछाने की गहराई और लेवल सहित मिट्टी भरने के तरीके की जांच कराने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि जांच पूरी होने तक काम रोका जाए और जांच में मानकों के अनुरूप पाए जाने वाले सामान का ही इस्तेमाल किया जाए, ताकि योजना के तहत मिलने वाली पेयजल सुविधा लंबे समय तक सुचारु रूप से चल सके।
अधिकारी ने ठेकेदार को काम रोकने के निर्देश दिए
मामले की जानकारी मिलने के बाद नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी प्रवेंद्र कुमार ने ठेकेदार को काम रोकने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि मामले की जांच कराई जाएगी और इसके बाद निर्धारित मानकों के अनुसार ही पाइप लाइन का काम आगे कराया जाएगा।
फिलहाल ग्रामीणों द्वारा लगाए गए गुणवत्ता संबंधी आरोपों की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि पाइप और पाइप लाइन बिछाने के काम में निर्धारित मानकों का पालन हुआ है या नहीं।